जैंतगढ़ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर की नियुक्ति, व जगन्नाथपुर सीएचसी को अनुमंडल अस्पताल का दर्जा और जिले में एचआईवी जांच अभियान चलाने की मांग
संतोष वर्मा
Chaibasaःपश्चिमी सिंहभूम जिले के सामाजिक कार्यकर्ता आमिर हिंदुस्तानी ने सिविल सर्जन सह मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी, चाईबासा को ज्ञापन सौंपकर जैंतगढ़ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में वर्षों से चिकित्सक नहीं होने की समस्या पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।ज्ञापन में बताया गया है कि जैंतगढ़ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में लंबे समय से नियमित चिकित्सक की नियुक्ति नहीं होने के कारण क्षेत्र के हजारों ग्रामीणों को सामान्य उपचार के लिए भी दूर-दराज के अस्पतालों का सहारा लेना पड़ता है। इससे लोगों को आर्थिक, शारीरिक एवं मानसिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।उन्होंने मांग की है कि स्थायी चिकित्सक की नियुक्ति होने तक सप्ताह में कम-से-कम दो दिन नियमित ओपीडी संचालित की जाए तथा तत्काल एक अस्थायी चिकित्सक की नियुक्ति की जाए, ताकि स्थानीय लोगों को प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकें।ज्ञापन में जगन्नाथपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) के विस्तृत कार्यक्षेत्र और बढ़ती जनसंख्या को देखते हुए उसे अनुमंडल अस्पताल का दर्जा देने की भी मांग की गई है। उनका कहना है कि इससे क्षेत्र की जनता को बेहतर एवं विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिल सकेगा।
इसके अलावा, सदर अस्पताल चाईबासा में हर माह एचआईवी संक्रमण के नए मामले सामने आने का उल्लेख करते हुए जिले के सभी प्रखंडों में व्यापक एचआईवी जांच एवं जागरूकता अभियान चलाने की मांग भी की गई है, ताकि समय पर संक्रमित व्यक्तियों की पहचान, उपचार एवं संक्रमण की रोकथाम सुनिश्चित की जा सके।सामाजिक कार्यकर्ता आमिर हिंदुस्तानी ने प्रशासन से जनहित में इन सभी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई करने का आग्रह किया है। ज्ञापन की प्रतिलिपि उपायुक्त पश्चिमी सिंहभूम, स्वास्थ्य सचिव, स्वास्थ्य मंत्री तथा जिला परिषद अध्यक्ष को भी प्रेषित की गई है।
