जिले वासियों के लिए अच्छी खबरः चाईबासा सदर अस्पताल, के बल्ड बैंक को मिला लाइसेंस, जिला प्रशासन के प्रयासों को मिली बड़ी सफलता

 जिले वासियों के लिए अच्छी खबरः चाईबासा सदर अस्पताल, के ब्लड बैंक को मिला लाइसेंस, जिला प्रशासन के प्रयासों को मिली बड़ी सफलता



जिले को रक्त-युक्त एवं स्वास्थ्य-सुरक्षित जिला बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धी


उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य जिले में ऐसा सशक्त स्वास्थ्य तंत्र विकसित करना है, जहाँ किसी भी जरूरतमंद मरीज को रक्त की अनुपलब्धता के कारण कठिनाई का सामना न करना पड़े

संतोष वर्मा

Chaibasa पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त प्रयासों से जिले के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि प्राप्त हुई है। सदर अस्पताल, चाईबासा स्थित रक्त अधिकोष को विधिवत लाइसेंस प्राप्त हो गया है। यह उपलब्धि जिले में सुरक्षित एवं समयबद्ध रक्त उपलब्धता सुनिश्चित करने की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगी तथा जिले को “रक्त-युक्त जिला” बनाने के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

रक्त अधिकोष को लाइसेंस प्राप्त होने से अब जिले के मरीजों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना पीड़ितों, गंभीर बीमारियों से ग्रसित रोगियों एवं आपातकालीन परिस्थितियों में उपचाररत व्यक्तियों को समय पर सुरक्षित रक्त उपलब्ध कराया जा सकेगा। इससे रक्त की आवश्यकता के लिए अन्य जिलों पर निर्भरता कम होगी तथा स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और सुदृढ़ होगी।

उपायुक्त मनीष कुमार ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि जिला प्रशासन द्वारा स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। रक्त अधिकोष को लाइसेंस प्राप्त होना जिले की जनता के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में जिले में संचालित विभिन्न स्वैच्छिक रक्तदान शिविरों, जागरूकता अभियानों तथा “प्रोजेक्ट जागृति : बेहतर स्वास्थ्य की ओर एक कदम” जैसे प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। रक्तदान के प्रति बढ़ती जनभागीदारी और संस्थागत सहयोग से जिले में रक्त की उपलब्धता को और अधिक सुदृढ़ किया जा सकेगा।

उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य जिले में ऐसा सशक्त स्वास्थ्य तंत्र विकसित करना है, जहाँ किसी भी जरूरतमंद मरीज को रक्त की अनुपलब्धता के कारण कठिनाई का सामना न करना पड़े। उन्होंने आम नागरिकों, स्वयंसेवी संस्थाओं, सामाजिक संगठनों, शिक्षण संस्थानों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों तथा युवाओं से नियमित रूप से स्वैच्छिक रक्तदान अभियान में भाग लेने की अपील की।

सिविल सर्जन डॉ. जुझार माझी ने कहा कि रक्त अधिकोष को लाइसेंस प्राप्त होने से रक्त संग्रहण, परीक्षण, भंडारण एवं वितरण की प्रक्रियाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित की जा सकेंगी। इससे मरीजों को सुरक्षित रक्त उपलब्ध कराने की व्यवस्था और अधिक प्रभावी होगी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग भविष्य में भी रक्तदान जागरूकता कार्यक्रमों एवं रक्त संग्रहण क्षमता के विस्तार हेतु निरंतर कार्य करता रहेगा।जिला प्रशासन ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए स्वास्थ्य विभाग, सदर अस्पताल प्रबंधन, रक्त अधिकोष से जुड़े चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों तथा जिले के सभी हितधारकों के प्रति आभार व्यक्त किया है। प्रशासन ने कहा कि सभी के सहयोग, समर्पण एवं सक्रिय सहभागिता से ही यह उपलब्धि संभव हो सकी है।जिला प्रशासन ने विश्वास व्यक्त किया है कि रक्तदान को जन-आंदोलन का स्वरूप देकर तथा विभिन्न संस्थाओं के सहयोग से पश्चिमी सिंहभूम को रक्त उपलब्धता के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाया जाएगा, जिससे जिले के प्रत्येक जरूरतमंद व्यक्ति को समय पर सुरक्षित रक्त उपलब्ध हो सके और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ प्राप्त हो।

Post a Comment

Do live your Comments here! 👇

Previous Post Next Post