जिला अभियन्ता के अनुपस्थिति से विकास कार्य ठप, संवेदक का भुगतान लटका
धीरेन्द्र कुमार जिला अभियन्ता के कार्यशैली से संवेदको का विपत्र पारित होने में भारी विलम्ब के कारण कार्य प्रभावित. सूत्र
धीरेन्द्र कुमार के कार्य संस्कृति से जिला परिषद के स्वायत्ता पर सवाल खड़ा हो गया है, सदस्यों का विरोध नियमपूर्वक है. सूत्र
विडंबना यह है कि विभाग अपने ही संकल्प एवं आदेश को ताक पर रखकर अधिसूचित कार्यपालक अभियंता को हटा कर जूनियर रैंक के सहायक अभियंता को जिला अभियन्ता बना दिया है. सूत्र
संतोष वर्मा
Chaibasaःपश्चिमी सिंहभूम जिला में पंचायती राज व्यवस्था को ध्वस्त करने एवं जिला परिषद में विकास कार्य को प्रभावित करने तथा अभियंताओं के कार्य क्षेत्र बँटवारे में भारी अनियमितता बरतने के साथ साथ पूर्व में निविदा आवंटित किए गए संवेदक से आर्थिक दोहन एवं वित्तीय वर्ष के अन्तिम माह में अनुपस्थित का मामला सामने आया है. हाँ हाल ही में विभाग के द्वारा जल संसाधन विभाग के सहायक अभियंता को जिला अभियन्ता के रूप में धीरेन्द्र कुमार को पदस्थापित किया है. यह भी चर्चा है कि धीरेन्द्र कुमार सहायक अभियंताओं की वरीयता सूची में सात साल नीचे हैं, यह भी मालूम हो कि धीरेन्द्र कुमार अपने आप को स्वर्गीय जगन्नाथ महतो पूर्व मंत्री के दामाद भी बताते हैं. जिला अभियन्ता के पद ग्रहण करते ही जिला पर्षद के दस सदस्य इनके खिलाफ हो गए हैं, उपायुक्त चन्दन कुमार उप विकास आयुक्त के साथ साथ विभागीय सचिव तक को लिखित शिकायत दर्ज करा चुके हैं. यह भी मालूम हो कि सत्ता रूढ़ गठबंधन कॉंग्रेस पार्टी के जिला अध्यक्ष ने भी विभागीय सचिव को लिखित शिकायत दर्ज करायी है.
