समाज को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा के साथ साथ पर्व त्यौहार में बड़ चढ़ कर हिस्सा लेना बहुत जरुरी हैः विधायक सोनाराम सिंकु
कोल्हान के विरो को रितुई-गोंडई स्मारक स्थल में विधायक सोनाराम सिंकु के द्वारा पोटो हो, नारा हो,पंडुवा हो, बढ़ाये हो और बेराई हो आदि शहीदों को पुष्प अर्पित कर, नमन व श्रद्धांजलि दिये
santosh verma
Chaibasaःप्रत्येक वर्ष के भांती इस वर्ष भी नव वर्ष के अवसर पर गुरुवार को आदिवासी "हो" समाज महासभा, जगन्नाथपुर द्वारा आयोजित वीर रितुई: गोंडाई व कोल्हान के वीर शहीदों के शहादत दिवस कार्यक्रम में जगन्नाथपुर विधायक सह सत्तारूढ़ दल के उप मुख्य सचेतक सोनाराम सिंकु ने भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ जगन्नाथपुर मेन मार्केट के रितुई-गोंडई चौक में पारंपरिक पूजा अर्चना करग पदयात्रा किया गया। साथ ही ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ लड़ाई लड़े कोल्हान के विरो को रितुई-गोंडई स्मारक स्थल में विधायक सोनाराम सिंकु जी द्वारा पोटो हो, नारा हो,पंडुवा हो, बढ़ाये हो और बेराई हो आदि शहीदों को पुष्प अर्पित कर, नमन व श्रद्धांजलि दिये।
विधायक श्री सिंकु ने उपास्थित लोगो को संबोधित करते हुए कहा कि हमारे आदिवासी समाज में वीरों की कमी नहीं। ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ जल, जंगल, जमीन के लिए लड़ाई लड़े सेरेंगसिया घाटी जैसे युद्ध कई बार हमारा आदिवासी समाज ने लड़ा है। किंतु उस समय संसाधन की कमी के कारण किताबों में अंकित नहीं किया गया। आदिवासी समाज ब्रिटिश शासन को कभी स्वीकार्य नहीं किया और अपने अस्तित्व को बचाने के लिए लड़ाई लड़ा। इससे पता चलता है कि पुराना समय में हमारा समाज में कितना एकता था। आज सभी लोग शिक्षित हो रहे हैं। हर पंचायत, हर गांव में विद्यालय है। सरकार पुरे राज्य में सभी विद्यालयों में बच्चों को किताब, कॉपी, साईकिल, स्कूल ड्रेस, बैग, जूता स्वेटर उपलब्ध करा रही है। परन्तु आज शिक्षित होने के बावजूद भी एकता की कमी है। स्कूल, कॉलेज के बच्चे नशापान के आदि हो रहे है। लक्ष्य से भटक रहे हैं।सभी परिजन और समाज के लोगों से आग्रह है कि बच्चों एवं नव जवानों को मार्गदर्शन दीजिए।
सभी बच्चों को शिक्षा के साथ साथ अपनी 'हो' भाषा, संस्कृति, रीति-रिवाज और परम्परा का जानकारी दीजिए है। समाज को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा के साथ साथ पर्व त्यौहार में बड़ चढ़ कर हिस्सा लेना बहुत जरुरी है। आदिवासी समाज का अस्तित्व के साथ एकता भी बनी रहेगी।
मौके पर कांग्रेस प्रखण्ड अध्यक्ष ललित कुमार दोराईबुरु, आदिवासी हो महासभा केंद्रीय अध्यक्ष कृष्णा चन्द्र बोदरा, आदिवासी हो महासभा केंद्रीय उपाध्यक्ष मनोज देवगम, तिरिल तिरिया, सुदर्शन लागुरी, समाज महासभा के पदाधिकारी, वरिष्ठ कांग्रेसी बिपिन सिंकु, बिपिन लागुरी, विक्रम हेंब्रम, जिंतुगाड़ा मुंडा, सोमनाथ सिंकु, रंजीत गागराई, रोशन पान, करन तिरिया, मथुरा लागुरी, शाहरुख अली, कमल किशोर बोबोंगा, अर्जुन सिंकु, गुरु सिंकु, लखन सिंकु, दिनेश सिंकु, गंगाराम बोबोंगा, विभिन्न मौजा के मानकी, मुंडा, डाकुवा, दिऊरी, बुद्धिजीवियों और आदीवासी समाज से आये आस पास गांव के ग्रामीण उपस्थित हुए।



