Chaibasa/Santosh verma: सदर अंचल क्षेत्र के चाईबासा शहर से सटे इलाकों में एसटी जमीन की कीमतें इन दिनों आसमान छू रही हैंं। मतकमहातु, कमरहातु, गुटूसाई, कल्याणपुर, पुराना चाईबासा, जेवियर नगर, पताहातु, लुपुंगुटू, शंकोसाई, सुपलसाई, खप्परसाई, दुंबीसाई, सिकुरसाई, डोबरोसाई, ताम्बो, तुईवीर, हेसाबासा, सरजोमगुटू, गितिलपी, नेहरू चौक, तांबो चौक, सरनाडीह आदि इलाकों में जमीन की खरीद बिक्री जोरों पर है। यहां लोकेशन के हिसाब से एसटी जमीन (प्लॉट्स) की कीमत प्रति कट्ठा 3 से 10 लाख रुपये तक है।
जानकार बताते हैं, इसके बावजूद जमीन की काफी मांग इन इलाकों में तेजी से बढ़ रही है। कोरोनाकाल के बाद इन इलाकों में खरीद बिक्री सबसे अधिक बढ़ी है। शहर से सटे महुलसाई, तांबो, गितिलपी, सरजोमगुटू, नेहरू चौक व कोल्हान यूनिवर्सिटी के आसपास इलाकों में जमीन की कीमतें सर्वाधिक है। यदि जमीन मुख्य सड़क से सटी हो तो कीमत अधिक होती है। जबकि जमीन यदि गली-कूचे के बीच है तो उसकी कीमत सस्ती होगी।
जमीन दलाली ने बढ़ायी कीमत
चाईबासा व इसके आसपास एसटी जमीन की बढ़ती कीमतों के पीछे जमीन दलाली को मुख्य वजह मानी जाती है। जानकार बताते हैं कि जमीन दलाल वह व्यक्ति होता है जो क्रेता व विक्रेता के मध्य जमीन का सौदा करवाता है। बदले में मोटी रकम वसूलता है। जानकार बताते हैं कि दलालों की इसी भूमिका के चलते जमीन की कीमतें आसमान छू रही हैं।
कई गांवों में जमीन बिक्री पर है पाबंदी
गांवों में जमीन खरीद बिक्री की बढ़ती प्रवृति को देखते हुए कई गांवों में मुंडाओं ने जमीन खरीद बिक्री पर ग्राम सभा का शर्तिया प्रतिबंध लगाया हुआ है। लेकिन फिर भी खरीद बिक्री चालू है। मतकमहातु में ग्राम मुंडा धनूर्जय देवगम ने काफी पहले जमीन खरीद बिक्री पर ग्रामसभा द्वारा प्रतिबंध लगाया था। इस प्रतिबंध से छूट उन्हीं क्रेता को थी जिनके पास कम से कम दो एकड़ से अधिक जमीन है। ऐसे ही प्रतिबंध कमरहातु में भी ग्रामसभा द्वारा प्रतिबंध लगाया गया है। गांव के रैयत पैसों के लालच में आकर अपनी पुश्तैनी जमीन बेचकर भूमिहीन न हो जाये, इसके लिये यह प्रतिबंध सामाजिक स्वीकार्यता के साथ लगाया गया था। अन्य कई गांवों में भी ग्रामसभा स्तर से रोक लगायी गयी थी। लेकिन बाद में यह प्रतिबंध बेअसर हो गया। नतीजतन जमीन की खरीद बिक्री पुन: चालू हो गया।

