चाईबासा ( जगदीश सुंडी ) : पश्चिमी सिंहभूम के सदर प्रखंड अंतर्गत खुंटा गांव के ग्रामीण अनुसूचित जनजाति के कोटा( ST), से पिछड़े वर्ग (OBC) के व्यक्तियों द्वारा धोखाधड़ी कर फर्जी तरीके से आर्मी में नौकरी करने के मामले की शिकायत को लेकर उपायुक्त के कार्यालय पहुंचे। उपायुक्त महोदय से भेंट नहीं होने पर प्रतिनिधिमंडल ने कार्यालय के स्टाफ को शिकायत पत्र सौंपा। पत्र के माध्यम से ग्रामीणों का आरोप है कि गांव के सहोदर भाइयों ने अनुसूचित जनजाति कैटेगरी की नौकरी फर्जी तरीके से प्राप्त किया है। इन दोनों भाइयों का नाम बोंज गोप, पिता- स्वर्गीय डुबंग गोप और मधुवा गोप, पिता स्वर्गीय -डुबंग गोप जो बोंज बारी और दूसरा मुधवा बारी के नाम से आर्मी में फर्जीवाड़े तरीके से नौकरी प्राप्त किया जो जांच का विषय है।
फर्जी तरीके से गैर आदिवासियों के द्वारा आरक्षण कोटा को हथियाने से शिक्षित युवक वर्ग बेरोजगार।
पत्र के माध्यम से ग्रामीणों का कहना है कि यदि हमारे अनुसूचित जनजाति के कोटा से इस प्रकार से फर्जीवाड़े कर गैर आदिवासियों के द्वारा नौकरी छीना जाता रहा तो आने वाले समय में हमारे बच्चों को आरक्षण कोटा की नौकरी नहीं मिलेगी। हमारे समाज में शिक्षित बेरोजगारों की संख्या में वृद्धि होगी । शिक्षित बेरोजगार युवक भी मजदूरी करने पर विवश हो जाएंगे या दूसरे राज्य को पलायन कर जाएंगे जो गंभीर चिंता का विषय है।
पत्र के माध्यम से ग्रामीणों ने जिक्र किया कि अब दोनों फौजी भाइयों का देहांत हो चुका है पर उनकी दोनों धर्मपत्नी श्रीमती सीता कुई पति स्वर्गीय बोज गोप और श्रीमती जोबना कुई पति स्वर्गीय मुधवा गोप फैमिली पेंशन के तहत सरकारी लाभ ले रहे हैं।
अतः पत्र के माध्यम से ग्रामीणों ने उपायुक्त महोदय से गुहार लगाई कि इस प्रकार की घटना भविष्य में ना दोराई जाए और इस प्रकार से फर्जीवाड़ा करने वालों के खिलाफ जांच कर कारवाई किया जाए था कि भविष्य में कोई इस प्रकार की फर्जीवाड़े करने का दुस्साहस ना करें । पत्र सौंपने वाले प्रतिनिधिमंडल में-सिद्धेश्वर कालुंडिया, दिलीप बारी, हरीश बारी, मुचिया बारी, कृष्णा बारी इत्यादि।

