सरायकेला ( दीपक कुमार दारोघा ) : कृषि उपज एवं पशुधन विपणन विधेयक 2022 के खिलाफ फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स के आंदोलन में एकजुटता दिखाते हुए सरायकेला खरसावां जिला चेंबर ऑफ कॉमर्स आक्रमक हुआ और जिला मुख्यालय सरायकेला स्थित गैरेज चौक (अटल चौक) में कृषि मंत्री बादल पत्रलेख का पुतला फूंका।
इससे पहले यहां सरायकेला खरसावां चेंबर ऑफ कॉमर्स की बैठक हुई।
जिसमें कृषि उपज एवं पशुधन विपणन विधेयक के विरोध में व्यवसायियों ने फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स के आंदोलन में एकजुटता दिखाने का निर्णय लिया। सरायकेला खरसावां जिला चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष प्रदीप कुमार चौधरी ने कहा कि सरकार को अविलंब कृषि कानून को वापस लेना चाहिए। बाजार समिति को भंग किया जाना चाहिए। नहीं तो व्यापारी भी अपने जिद्द में कायम है। आगामी 15 फरवरी से संपूर्ण खाद्यान्न व्यापार ठप के लिए व्यापारी एकजुट है। मौके में सरायकेला चेंबर के उपाध्यक्ष प्रेम अग्रवाल ने कहा कि फेडरेशन ऑफ झारखंड चेंबर ऑफ कॉमर्स के आगवाई में खाद्यान्न व्यापारी संपूर्ण ताकत झोंकने के लिए तत्पर है। भाजपा नेता सह सरायकेला चेंबर के महासचिव मनोज कुमार चौधरी ने कहा कि फेडरेशन के नेतृत्व में व्यापारी शांत नहीं बैठेंगे। आगामी 15 फरवरी से संपूर्ण खाद्यान्न व्यापार के आवक जावक समेत खुदरा व थोक व्यापार बंद कर दिया जाएगा।
इस दौरान व्यवसायियों ने जनविरोधी कृषि टैक्स वापस लेना होगा, कृषि मंत्री मुर्दाबाद का नारा बुलंद की।
उन्होंने स्पष्ट किया कि झारखंड सरकार द्वारा दो परसेंट मंडी टैक्स लगाया जा रहा जिसका विरोध पूरे झारखंड में लगातार हो रहा है। कृषि उपज एवं विपणन विधेयक 2022 के विरोध में कृषि मंत्री का पुतला दहन हुई।
चेंबर कार्यकारिणी सदस्य राजकुमार अग्रवाल, अरुण सेकसेरिया, सुमित चौधरी, कृष्णा साहू, रंजीत मंडल, कमल मंडल, प्रशांत मंडल, राजकुमार चौधरी, विनोद साहू, कालीचरण साहू, विशाल सेकसेरिया, पिंटू मोदक, मोहन सेकसेरिया, ओमप्रकाश अग्रवाल, शुभम अग्रवाल, चुन्नू कामिला, सुजीत मंडल आदि व्यापारी कार्यक्रम में शामिल थे।



