रिश्तों से आगे बढ़कर अपनत्व का बंधन: बाल कुंज में रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा ने मनाया “बंधन प्यार का”
बच्चों के साथ रक्षाबंधन की खुशियां साझा कर रोटरैक्ट क्लब ने दिया सेवा और संवेदना का संदेश, उपायुक्त मनीष कुमार ने की पहल की सराहना
संतोष वर्मा
चाईबासा : रक्षाबंधन आमतौर पर भाई-बहन के रिश्ते का पर्व माना जाता है, लेकिन जब किसी त्योहार की खुशी उन बच्चों तक पहुंचती है, जिन्हें अपनेपन और साथ की सबसे अधिक जरूरत होती है, तब उसका अर्थ और भी बड़ा हो जाता है। इसी सोच को जमीन पर उतारते हुए रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा ने शुक्रवार को बाल कुंज में अपने वार्षिक हस्ताक्षर प्रकल्प “बंधन प्यार का” का आयोजन किया। दोपहर 1 बजे आयोजित इस कार्यक्रम में क्लब के सदस्यों ने बाल कुंज के बच्चों के साथ रक्षाबंधन मनाया और उनके साथ ऐसे पल साझा किए, जिनमें सेवा से अधिक अपनत्व दिखाई दिया।
इस पहल की खास बात यह रही कि रोटरैक्ट क्लब ने रक्षाबंधन को केवल एक औपचारिक आयोजन तक सीमित नहीं रखा। क्लब के सदस्य बच्चों के बीच पहुंचे, उनसे बातचीत की, उनकी कलाई पर राखी बांधी और उनके साथ त्योहार की खुशियां साझा कीं। बच्चों के लिए चॉकलेट, मिठाई एवं स्टेशनरी किट के रूप में उपहार भी दिए गए। इस कार्यक्रम का प्रायोजन S.R. Rungta Group द्वारा किया गया।
कार्यक्रम में पश्चिमी सिंहभूम के उपायुक्त मनीष कुमार, IAS मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उनके साथ सहायक समाहर्ता सुश्री इरा जोरवाल, IAS विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहीं। उपायुक्त ने बाल कुंज के बच्चों से बातचीत की और उन्हें पढ़ाई पर ध्यान देने तथा अपने भविष्य को बेहतर बनाने के लिए पूरी मेहनत करने की प्रेरणा दी। उन्होंने बच्चों को यह विश्वास दिलाने का प्रयास किया कि परिस्थितियां चाहे जैसी हों, शिक्षा और मेहनत के माध्यम से जीवन में आगे बढ़ने के रास्ते बनाए जा सकते हैं।
उपायुक्त मनीष कुमार ने रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा के सामाजिक प्रयासों की सराहना की। बाल कुंज जैसे स्थान पर बच्चों के साथ समय बिताकर उनके बीच त्योहार की खुशियां साझा करने की क्लब की पहल को उन्होंने सकारात्मक प्रयास बताया। क्लब की सेवा गतिविधियों के प्रति उपायुक्त की यह प्रशंसा कार्यक्रम का महत्वपूर्ण हिस्सा रही।
रक्षाबंधन के अवसर पर क्लब की महिला सदस्यों रोटरैक्टर काशिश, रोटरैक्टर पायल, रोटरैक्टर सिद्धि एवं श्रिष्टि और राखी ने बच्चों की कलाई पर राखी बांधी। राखी बांधने के दौरान बच्चों की मुस्कान और उत्साह पूरे कार्यक्रम का सबसे सुंदर हिस्सा रहा। क्लब के सदस्यों ने बच्चों के साथ बातचीत की और उन्हें यह महसूस कराने का प्रयास किया कि वे समाज से अलग नहीं हैं। एक राखी, एक मिठाई, एक छोटा-सा उपहार और कुछ समय का साथ—इन साधारण चीजों ने कार्यक्रम को भावनात्मक रूप से विशेष बना दिया।
रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा के अध्यक्ष रोटरैक्टर विकास गुप्ता ने उपायुक्त श्री मनीष कुमार के कार्यक्रम में उपस्थित होकर अपना बहुमूल्य समय देने के लिए उनका आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन का वास्तविक भाव केवल रिश्तों को याद करना नहीं, बल्कि जरूरत के समय एक-दूसरे के साथ खड़े होना है। क्लब का प्रयास है कि ऐसे अवसरों पर समाज के उन बच्चों तक भी खुशियां पहुंचें, जिनके जीवन में इन पलों की अपनी अलग अहमियत है।
कार्यक्रम के प्रोग्राम चेयरमैन रोटरैक्टर कन्हैया पांडेय रहे। आयोजन को सफल बनाने में क्लब की पूरी टीम की सक्रिय भूमिका रही। इस अवसर पर अध्यक्ष रोटरैक्टर विकास गुप्ता, उपाध्यक्ष रोटरैक्टर अक्षय कुमार गुप्ता,रोटरैक्टर विष्णु भूत, रोटरैक्टर विनय लोढ़ा रोटरैक्टर आकाश, रोटरैक्टर शुभम दास, एवं रोटरैक्टर चंदन सहित महिला रोटरैक्टर्स एवं अन्य क्लब सदस्यों की सक्रिय उपस्थिति रही।
रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा की पहचान ऐसे ही प्रयासों से बनती है, जहां सेवा केवल एक औपचारिक गतिविधि नहीं, बल्कि समाज के साथ व्यक्तिगत जुड़ाव के रूप में दिखाई देती है। “बंधन प्यार का” जैसे कार्यक्रम यह संदेश देते हैं कि युवा शक्ति यदि संवेदना और जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़े, तो त्योहार भी समाज में सकारात्मक बदलाव का माध्यम बन सकते हैं। बच्चों के साथ कुछ घंटे बिताना भले ही छोटा प्रयास लगे, लेकिन किसी बच्चे को यह एहसास दिलाना कि उसके साथ खड़े होने वाले लोग मौजूद हैं, अपने आप में बड़ी बात है।
कार्यक्रम के दौरान बाल कुंज की ओर से प्रमोद एवं अमन भी उपस्थित रहे। रोटरैक्ट क्लब ऑफ चाईबासा की टीम ने बच्चों के साथ रक्षाबंधन की खुशियां साझा करते हुए कार्यक्रम को आत्मीय वातावरण में संपन्न किया। “बंधन प्यार का” के माध्यम से क्लब ने एक बार फिर सेवा, स्नेह और सामाजिक जिम्मेदारी को साथ लेकर चलने की अपनी प्रतिबद्धता को सामने रखा।


