डीईओ ने बताया निलंबित तीनों स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षक के द्वारा स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षकों के बकाया वेतन आदि राशि भुगतान हेतु भ्रमित कर शिक्षकों से अवैध राशि की वसूली की गई है
निलंबित तिनों शिक्षकों नें असंतोषजनक/भ्रामक एवं तथ्यहीन स्पष्टीकरण कार्यालय को उपलब्ध करवाया
संतोष वर्मा
Chaibasa: पश्चिमी सिंहभूम जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त चंदन कुमार के निर्देशानुसार जिला शिक्षा पदाधिकारी टोनी प्रेमराज टोप्पो के द्वारा राकेश कुमार- स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षक-मारवाड़ी प्लस टू उच्च विद्यालय चक्रधरपुर, आलोक आनंद मुण्डु- स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षक-प्लस टू उच्च विद्यालय कुल्डा बंदगांव व फेडरिक प्रदीप मिंज- स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षक-प्लस टू उच्च विद्यालय गोईलकेरा को झारखंड सरकारी सेवक(वर्गीकरण नियंत्रण एवं अपील) नियमावली 2016 के अंतर्गत तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।
निलंबन अवधि में राकेश कुमार का मुख्यालय क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी-कुमारडुंगी कार्यालय, आलोक आनंद मुण्डु का मुख्यालय क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी-जगन्नाथपुर व फेडरिक प्रदीप मिंज का मुख्यालय क्षेत्र शिक्षा पदाधिकारी-मनोहरपुर कार्यालय होगा। निलंबन अवधि में नियमानुसार झारखंड सेवा संहिता की नियम 96 के तहत जीवन यापन भत्ता देय होगा तथा निलंबन अवधि में निर्धारित मुख्यालय में बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज कराना अनिवार्य रहेगा।
उपरोक्त के संबंध में जिला शिक्षा पदाधिकारी के द्वारा बताया गया कि निलंबित तीनों स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षक के द्वारा स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षकों के बकाया वेतन आदि राशि भुगतान हेतु भ्रमित कर शिक्षकों से अवैध राशि की वसूली की गई है। उक्त के संबंध में संबंधित स्नातकोत्तर प्रशिक्षित शिक्षकों के द्वारा कार्यालय को लिखित सूचना प्राप्त कराया गया एवं उक्त के संबंध में परिवाद पत्र भी प्राप्त हुए हैं।
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बताया कि वर्णित स्थिति के आलोक में संबंधित तीनों शिक्षकों को स्पष्टीकरण पृच्छा किया गया, परंतु इनके द्वारा असंतोषजनक/भ्रामक एवं तथ्यहीन स्पष्टीकरण कार्यालय को उपलब्ध करवाया गया। तत्पश्चाप जिला उपायुक्त महोदय का अनुमोदन प्राप्त करते हुए उपरोक्त तीनों शिक्षकों को झारखंड सरकारी सेवक नियमावली 2016 के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है
