ग्रामीणों ने बताया कि आजादी के 78 वर्षों के बाद यह सड़क पहली बार बन रहा है और उसमें भी संवेदक राजकिशोर बोईपाई के द्वारा लिपापोती किया जा रहा है
ग्रामीणों के शिकायत पर माधव चंद्र कुंकल ने कार्यस्थल का निरीक्षण किया
चाईबासा/स्रंतोष वर्मा: मझगांव प्रखंड के आसनपाठ पंचायत के अंतर्गत कंटाबिला देशाउली चौक से जुड़ीपदा उड़ीसा बॉर्डर तक लघु सिंचाई विभाग के माध्यम से करोड़ों के लागत से बन रहे डीएमएफटी मद के माध्यम से बन रहे सड़क में हो अनियमितता के मामले को लेकर ग्रामीणों ने जिला परिषद सदस्य माधव चंद्र कुंकल से शिकायत की।
ग्रामीणों के शिकायत पर माधव चंद्र कुंकल ने कार्यस्थल का निरीक्षण किया और पाया कि सड़क निर्माण के लिए बिछाया गया जी०एस०बी में बालू की मात्रा ज्यादा है और गिट्टी की मात्रा अनुपात के आधार पर काफी कम है। उसी तरह ढलाई के मसाला में भी बालू ज्यादा मात्रा में है और सीमेंट और गिट्टी की मात्रा भी कम है। ढलाई के क्रम में वाइब्रेटर का भी उपयोग नहीं हो रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि आजादी के 78 वर्षों के बाद यह सड़क पहली बार बन रहा है और उसमें भी संवेदक राजकिशोर बोईपाई के द्वारा लिपापोती किया जा रहा है।
माधव चंद्र कुंकल ने कहा कि डीएमएफटी फंड से बन रहे सड़कों पर बड़े पैमाने पर अनियमितता बरती जा रही है और स्थानीय विधायक के लोग ही इस प्रकार से खराब सड़क बनवाएंगे तो ग्रामीण किससे उम्मीद करेंगे? डी०एम०एफ ०टी फंड से बन रहे अधिकांश सड़क 6 माह भी टीक नहीं पा रहा है।माधव चंद्र कुंकल ने मामले की शिकायत उपायुक्त कुलदीप चौधरी से की है और मांग की है कि योजना के गुणवत्ता की जांच हो और सही तरीके से सड़क का निर्माण हो।
मौके पर रमेश गोप,सिदेश्वर बिरुवा,बिरुवा, मूंगा बिरुवा,बुधराम पूर्ति,घनश्याम पिंगुआ, नारायण पिंगुआ, शिरीष पिंगुआ,सोनाराम पिंगुआ, जगमोहन पिंगुआ आदि उपस्थित थे।


