गम्हरिया : कई बार लापरवाही को लेकर चर्चा में रहने वाले सरायकेला के जिला शिक्षा पदाधिकारी जितेंद्र कुमार सिन्हा का एक नया मामला देखने को मिला। जहां दोपहर 2:30 बजे से उन्हीं के द्वारा लोकसभा चुनाव 2024 के सफल संचालन हेतु मतदान केंद्र वाले विद्यालयों में आवश्यक न्यूनतम सुविधाएं सुनिश्चित करने के संबंध में एक बैठक आयोजित करवाई गई।
जिसमें 50 से भी ज्यादा संख्या में विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों ने अपनी मौजूदगी दर्ज की। गम्हरिया प्रखंड सभागार में भीड़ इतनी बढ़ गई की सरकारी विद्यालयों में प्रधानाध्यापक के पद पर पदासीन शिक्षकों को खड़े होकर बैठक में सम्मिलित होना पड़ा, लेकिन बैठक की अध्यक्षता गम्हरिया प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं गम्हरिया के अंचल अधिकारी करते देखे गए। जहां शिक्षा विभाग के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी को इस बैठक में अध्यक्षता करनी चाहिए थी।
वहां उन्हीं के द्वारा पत्र जारी किए जाने के बावजूद हुई बैठक में मौजूद नहीं देखे गए वहीं जैसे ही इसकी सूचना कई राजनीतिक पार्टियों के सदस्यों एवं समाजसेवियों को हुई तो हर जगह इसकी चर्चा आम हो गई एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी से सीधी शिकायतें करने की बातें कही जाने लगी है। संभवत देखा जा सकता है कि भविष्य में निर्वाचन विभाग इन पर कोई कार्रवाई करना सुनिश्चित कर सकती है।


