परीक्षा बच्चों की शैक्षणिक विकास का आईना है : रामध्यान मिश्र
चाईबासा : पद्मावती जैन सरस्वती शिशु मंदिर, चाईबासा में वार्षिक परीक्षा फल शनिवार को प्रकाशित किया गया। इसका शुभारंभ विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष रामध्यान मिश्र,प्रधानाचार्य कृष्ण कुमार सिंह व प्रभारी प्रधानाचार्य अरविंद कुमार पांडेय ने भारत माता के चित्र पर दीप प्रज्वलन व पुष्प अर्पित कर किया। मौके पर अध्यक्ष महोदय ने अभिभावकों को आशीर्वचन में कहा कि परीक्षा बच्चों की शैक्षणिक विकास का आईना है। इसमें बच्चों का परीक्षा के माध्यम से शैक्षणिक विकास का आकलन किया जाता है।
कम अंक लाने वाले बच्चे भी आगे चलकर अच्छा परिणाम देते हैं। इसके लिए अभिभावकों को चिंतित होने की आवश्यकता नहीं है। आज आवश्यकता है बच्चों का उत्साहवर्धन करने की। प्रधानाचार्य ने इस कार्यक्रम आए समस्त अभिभावकों का स्वागत करते हुए कहा कि परीक्षा फल बच्चों से अधिक उनके माता-पिता के लिए हर्ष का विषय होता है। इस परीक्षा फल से माता-पिता अपने बच्चों के वर्ष भर के शैक्षणिक गतिविधियों का अवलोकन करते हैं।
अभिभावक अपने बच्चों पर परीक्षा फल के लिए जितना श्रम करते हैं परिणाम उसी के अनुरूप मिलता है। यहां अध्ययन करने वाले बच्चे अपनी कक्षा के परीक्षा फल में प्रथम, द्वितीय व तृतीय के अतिरिक्त कक्षा सह सर्वश्रेष्ठ,सर्वाधिक उपस्थित एवं संस्कृति ज्ञान परीक्षा में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाले भैया-बहनों को परीक्षा फल के साथ पुरस्कृत किया जाता है। आज तीन चरणों में परीक्षा फल वितरण किया गया। प्रथम चरण में बाल वाटिका, दूसरे चरण में शिशु मंदिर और तीसरे चरण में विद्या मंदिर के भैया-बहनों का परीक्षा परिणाम घोषित किया गया और प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले तथा कक्षा में सर्वश्रेष्ठ एवं सर्वाधिक उपस्थित प्राप्त करने वाले भैया बहनों को परीक्षा फल के साथ पुरस्कार देकर उत्साह वर्धन किया गया।
इसके साथ ही कक्षा अरूण में चौवन भैया-बहन थे जिनमें सब प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण हुए। उन सब भैया-बहनों को विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष,प्रधानाचार्य एवं प्रभारी प्रधानाचार्य ने परीक्षा फल के साथ पुरस्कार देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन मंजू श्रीवास्तव, संजय कुमार ने तथा धन्यवाद ज्ञापन प्रभारी प्रधानाचार्य अरविंद कुमार पांडेय ने किया।
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के समस्त आचार्य बंधु भगिनी का सहयोग सराहनीय रहा। शांति मंत्र के उपरांत उक्त वार्षिक परीक्षा फल वितरण का कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।



