चाईबासा (Santosh Verma) : हेमन्त सरकार के शुरुआती दो वर्षों तक वैश्विक आपदा कोरोना के कारण सरकारी कामकाज पूरी तरह से बाधित होने और उसके पश्चात केन्द्र सरकार और भाजपा द्वारा राज्य सरकार के खिलाफ सुनियोजित तरीके से ईडी, सीबीआई और राजभवन समेत देश की तमाम संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग कर राज्य सरकार के कामकाज पर लगातार बाधा पहुंचाने का प्रयास करने के बावजूद झारखण्ड के लोकप्रिय मुख्यमंत्री कुशल नेतृत्वकर्ता हेमन्त सोरेन की अगुवाई में राज्य सरकार लगातार झारखंडी जनभावना के अनुरूप निर्णय लेते हुए जनकल्याणकारी योजनाओं को जमीन पर उतारने का काम कर रही है, जिसके माध्यम से समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े हर वंचित और जरुरतमंद व्यक्ति को सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है । राज्य के युवाओं को उच्च शिक्षा और तकनीकी ज्ञान के साथ स्वरोजगार से जोड़ कर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है । आम जनता की बुनियादी समस्याओं का समाधान करने के साथ ही सरकारी कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान राज्य सरकार द्वारा किया जा रहा है । निजी क्षेत्र के उपक्रमों में 75% स्थानीय युवाओं को नौकरी देने का कानून बनाकर बड़े पैमाने पर स्थानीय युवाओं को, आदिवासी मूलवासियों को रोजगार मुहैया कराने का पहल होने से कोल्हान प्रमंडल में पूरी तरह से अपना राजनीतिक जमीन खो चुके भाजपाइयों में मिशन 2024 को लेकर घोर हताशा है । प्रमंडलीय रोजगार मेला (आफर लेटर वितरण) कार्यक्रम के सन्दर्भ में भाजपा जिलाध्यक्ष का बयान इसी हताशा का परिणाम है । राज्य में विपरीत परिस्थितियों के बावजूद मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन लगातार अपने चुनावी वादों को पूरा करने का काम कर रहे हैं उन्हें झूठा और युवाओं को ठगने का आरोप लगाने से पहले भाजपाइयों को अपने गिरेबान पर झांकना चाहिए जिन्होंने देश की जनता से झूठ बोलकर देश की सत्ता हथियाने का काम किया है और सत्ता में आने के बाद जनता से विश्वासघात करने का काम किया है । खुद को फकीर और देश के प्रधानसेवक घोषित करने वाले प्रधानमंत्री मोदी जी ने प्रति वर्ष दो करोड़ रोजगार देने, महंगाई पर लगाम कसने, 100 दिन में काला धन वापस लाने, प्रत्येक व्यक्ति के खाते में 15 लाख रुपए आने, नोटबंदी से काला धन खत्म करने, भ्रष्टाचार को जड़ से खत्म करने, किसानों की आय दुगुनी करने, गैस सिलेंडर सस्ता करने, गंगा की सफाई करने समेत कई अन्य वादे किए थे जो पूरी तरह से झूठ साबित हुए हैं । जो खुद झूठे और विश्वासघाती हों उन्हें दूसरे पर उंगली उठाने का कोई हक नहीं है । मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन द्वारा झारखंडी जनभावना के अनुरूप फिर से नई तैयारियों और मजबूती के साथ 1932 का खतियान आधारित स्थानीय नीति विधानसभा के पटल पर लाने और उसे नियोजन नीति से जोड़ने की घोषणा करने के कारण भाजपाई विशेष कर बाहर से माइग्रेट कर झारखण्ड में आए गैरझारखंडी भाजपाइयों में भारी हताशा और नाराजगी है ऐसे ही लोग हेमन्त सरकार के खिलाफ अनर्गल बयानबाजी कर झारखंडी युवाओं को भ्रमित करने का असफल प्रयास कर रहे हैं । बाहर से माइग्रेट कर आए लोग भाजपा का झंडा बैनर लेकर झारखण्ड को अपना चारागाह बनाना चाहते हैं लेकिन झारखण्ड के युवा, किसान और मजदूर भाई, आदिवासी, मूलवासी, दलित, पिछड़े और अल्पसंख्यक भाई इनके झांसे में नहीं आने वाले हैं । भाजपाई इनको नासमझ समझने की भूल ना करें । झारखण्ड में विशेष कर कोल्हान प्रमंडल में भाजपाइयों की दाल नहीं गलने वाली है । सैकड़ों शहीदों ने, आदिवासी मूलवासियों ने, आन्दोलनकारियों ने इस माटी के लिए अपना खून बहाया है, शहादत दिया है तब जाकर झारखण्ड राज्य मिला है, किसी भी कीमत पर झामुमो इसे बाहरियों का चारागाह नहीं बनने देगा । हेमन्त सरकार के जनकल्याणकारी योजनाओं और उपलब्धियों के बल पर 2024 में फिर से भाजपा का सूपड़ा साफ होगा और धमाकेदार तरीके से पूर्ण बहुमत के साथ हेमन्त सरकार पुनः राज्य में वापसी करेगी । भाजपाई जितना ज्यादा हमारी आलोचना करेंगे, हम उतना ही ज्यादा मजबूती के साथ उभरकर सामने आएंगे - सोनाराम देवगम, सचिव, झामुमो प० सिंहभूम जिला समिति ।
भाजपा द्वारा राज्य सरकार के खिलाफ सुनियोजित तरीके से ईडी, सीबीआई और राजभवन समेत देश की तमाम संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग कर राज्य सरकार के कामकाज पर लगातार बाधा पहुंचाने का प्रयास : सोनाराम देवगम
Published ByJohar Media
-
0
