कहा मोदी ने पहली बार एक आदिवासी महिला द्रौपदी मुर्मू को राष्ट्रपति बनाकर हम आदिवासियों का सम्मान देश के साथ पूरे दुनिया मे बढ़ाया
चाईबासा : भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जनजाति मोर्चा की विशेष बैठक लोकसभा कार्यालय चाईबासा में अनसूचित जनजाति मोर्चा के जिला अध्य्क्ष मंजीत कोड़ा के अध्य्क्षता में हुई। बैठक में विशेष रूप से अनुसूचित जनजाति मोर्चा प्रदेश अध्य्क्ष शिव शंकर उरांव, प्रत्याशी गीता कोड़ा,पार्टी जिला अध्य्क्ष संजू पांडे,झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, प्रदेश उपाध्यक्ष गीता बालमुचू, प्रदेश महामंत्री बिजय मेलगंडी, प्रदेश कार्यसमिति सदस्य मंगल सिंह गिलुवा, प्रदेश आई टी सेल शोशल मीडिया प्रभारी रामकुमार मांझी, प्रदेश शोशल मीडिया सह प्रभारी अनिल बोदरा, कोल्हान प्रभारी भूषण पाट पिंगुवा उपस्तिथ हुए।
बैठक में गीता कोड़ा ने सभी से आग्रह कर कहा कि देश मे पहली बार आदिवासी जनता के विकास के लिए नरेंद्र मोदी आदिवासी मंत्रालय बनवाये जो आदिवासी जनता के लिए अनेक कल्याणकारी योजना बनाकर कार्य कर रही है, मोदी ने पहली बार एक आदिवासी महिला द्रौपदी मुर्मू को राष्ट्रपति बनाकर हम आदिवासियों का सम्मान देश के साथ पूरे दुनिया मे बढ़ाया, हमारे पूजनीय भगवान बिरसा मुंडा जी के गाँव जाने वाले देश के पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही हैं, मोदी ने महिलाओं को अलग से आरक्षण दिया। गीता कोड़ा ने सभी आदिवासी कार्यकर्ताओं से अनुरोध कर कहा कि हम आदिवासियों की जीवन संवारने वाले मोदीजी के बारे में आदिवासी जनता को विनम्रता से बताना होगा और जनता से मोदीजी को पुनः प्रधानमंत्री बनाने के लिये कमल फूल निशान में वोट देने को प्रेरित करना है।
प्रदेश अध्य्क्ष शिवशंकर उरांव ने संगठन पर व्रित लिया और मंडल अद्यक्षों को बताया कि हमे नरेंद्र मोदीजी के कार्यों से प्रभावित होकर, सांसद गीता कोडा भारतीय जनता पार्टी में शामिल हुई और पार्टी ने उन्हें प्रत्याशी बनाया, हमसभी आदिवासी कार्यकर्ताओं का दायित्व बनता है कि गीता कोड़ा को आदिवासियों का वोट अधिक से अधिक दिलवाना, आप सभी की जिम्मेवारी बनती है, जिसके लिये संकल्प लेवें की घर घर जाकर आदिवासी जनता को मोदीजी के आदिवासी जनता के चिंता पर किये गए कार्यों को बताना है। गीता बालमुचू ने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा और कांग्रेस पार्टी चाहती तो 1995 में ही झाखण्ड अलग राज्य बन जाता, पर झारखंड मुक्ति मोर्चा वालो ने झारखंड अलग राज्य आंदोलन को बेच दिया था।
बिजय मेलगाण्डी ने कहा देश आजाद हुआ 1947 में,कांग्रेस पार्टी की सरकार के जवाहर लाल नेहरू की प्रधानमंत्री के कार्य काल मे ही 1 जनवरी 1948 को खरसावां में हजारों आदिवसियों को इसी कांग्रेस सरकार में मरवाया था, वर्ष 1980 में गुवा में अनेकों आदिवासी भाइयों की निर्मम दिनदहाड़े हत्या इसी कांग्रेस पार्टी के सरकार ने किया था, और सत्ता के लोभ में झारखंड मुक्ति मोर्चा वाले इन्ही हत्यारी कांग्रेस पार्टी की गोद मे बैठ गई और अपने आप को आदिवासियों की हितैषी बताते है!
यह झारखंड मुक्ति मोर्चा वाले आदिवासियों को ठग कर झूठ बोलकर आदिवासियों को मात्र गुमराह ही करते हैं। हमे आदिवासी भाइयों को इनकी असलियत बताना है और गीता कोड़ा को जीताना है। बैठक को जिला अध्य्क्ष संजू पांडे, पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा, भूषण पाट पिंगवा ने भी सम्बोधित कर चुनाव जीतने का मंत्र दीया।
संचालन महामंत्री तीरथ जामुदा और धन्यवाद बाबूराम लागुरी ने किया।
बैठक में रानी बांदिया, शुशीला पूर्ती, खुश्बू हेम्ब्रम, बिनोदिनी बानरा, हरिचरण सांडिल, राघो होनहगा, शत्रुघन हेम्ब्रम, सोनाराम बिरुवा, रामराय बिरुवा, रवि बंकिरा, सोनाराम कोंडाकेल, कृष्णा गागराई, मधु सामड, रोबी लाकड़ा, चर्चिल केराई, सरिम सिंह बिरुवा, प्रशांत पिंगुवा के साथ अनेक कार्यकर्ता उपस्तिथ रहे।




