26 जनवरी को स्कूलों में राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद बच्चों ने माता सरस्वती की पूजा अर्चना भी की। भक्ति उल्लास माहौल में सरस्वती पूजा उत्सव शुरू हुई। इस दौरान गांव से लेकर शहर तक पूजा उत्सव का धूम रही।
मुरुप गांव में अर्जुन पुस्तकालय के तत्वावधान में भव्य पंडाल बनाया गया। और माता सरस्वती की प्रतिमा स्थापित कर विद्यार्थियों ने उपासना पूर्वक पूजा अर्चना की। भक्ति व उल्लास के माहौल में खेलकूद प्रतियोगिता भी हुई। अर्जुन पुस्तकालय के अध्यक्ष हेमसागर प्रधान ने उत्कृष्ट खिलाड़ियों को पुरस्कृत किया।
इधर गम्हरिया प्रखंड के रपचा गांव में भी माता के प्रति भक्ति व उमंग देखा गया।
इस गांव में भी बच्चों का नृत्य-गीत व खेल प्रतियोगिता कार्यक्रम हुई। बच्चों का उमंग उत्कर्ष पर रहा। नृत्य में बच्चों ने अपना कलात्मक हुनर दिखाया। अभिभावकगण नन्हा दीपेश महाली के कलात्मक हुनर से भावविभोर हुए बिना रह नहीं पाए।
उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले दीपेश को पुरस्कृत भी किया गया।
पूर्व मुखिया जवाहरलाल महाली, मिहीर महाली, मथुरा महाली, रमेश महाली, अशोक महाली, अरुण महाली, राकेश महाली ,सोमनाथ महाली , सौरव महाली, हरेंद्र महाली, राजेश महाली, बिनोद , अविनाश आदि के प्रोत्साहन से ग्रामीणों ने कार्यक्रम में सक्रिय भूमिका निभाई।
भक्ति उल्लास पूर्ण माहौल में पूजा अर्चना के बाद ग्रामीणों ने माता सरस्वती की प्रतिमा को स्थानीय जलाशय में विसर्जित कर दी।
Tags
Saraikela kharsawan






